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उत्तराखंड में पिछले तीन सालों के भीतर बने स्थाई निवास प्रमाण पत्रों की होगी जांच, सीएम ने दिए निर्देश

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उत्तराखंड: हाल ही में कुछ जगहों पर कूटरचित यानी फर्जी दस्तावेजों के जरिए बाहरी लोगों को बसाने के मामले सामने आए हैं. जिस पर सीएम धामी ने सख्ती दिखाई है. जिसके तहत सीएम धामी सभी जिलाधिकारियों को पिछले तीन साल में बने स्थाई निवास प्रमाण पत्रों की जांच के निर्देश दिए हैं. साथ ही दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने को कहा है.

बता दें कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी इन दिनों दिल्ली दौरे पर हैं. दिल्ली दौरे के दौरान बीते दिन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से मुलाकात कर तमाम विषयों पर चर्चा किया था तो वहीं आज सीएम धामी ने दिल्ली से ही प्रदेश के सभी जिलाधिकारी के साथ वर्चुअल बैठक की. जिसमें मुख्य रूप से प्रदेश में कानून व्यवस्था को बेहतर बनाने के साथ ही प्रशासनिक कामों में पारदर्शिता लाने की बात कही.

करीब चार घंटे चले इस वर्चुअल बैठक में सीएम ने अधिकारियों को शीतकालीन यात्रा की तैयारियों को तेज करते हुए सभी पर्यटक स्थलों पर सड़क, पेयजल, पार्किंग समेत अन्य जरूरी व्यवस्थाओं को बेहतर करने के निर्देश दिए. बैठक के दौरान सीएम धामी ने कहा कि राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित रजत जयंती उत्सव कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तमाम विषयों को साझा किया था.

पीएम की ओर से साझा किए गए विजन के अनुसार भी सभी जिलों में काम किए जाए. क्योंकि, रजत जयंती उत्सव में राज्य के 25 सालों की यात्रा के साथ ही अगले 25 सालों में किए जाने वाले विजन को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साझा किया था. लिहाजा, जिला अधिकारी प्रशासनिक कामों को बेहतर बनाने के साथ ही इस विजन पर भी काम करें.

उत्तराखंड में समय-समय पर डेमोग्राफिक चेंज का मामला उठता रहा है. कई बार ऐसे मामले के सामने आए कि गलत तरीके से दस्तावेज तैयार कर लोगों को बसाया जा रहा है. जिस मामले की गंभीरता को देखते हुए सीएम धामी ने प्रदेश के सभी जिलाधिकारी को निर्देश दिए हैं कि वो पिछले तीन साल में बने स्थाई निवास प्रमाण पत्रों की गहनता से जांच करें और इसमें जो भी दोषी पाया जाता है, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए.

उत्तराखंड में स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर राज्य सरकार लगातार प्रयास कर रही है. जहां एक ओर मेडिकल और पैरामेडिकल स्टाफ की कमी को दूर करने के लिए लगातार खाली पदों पर भर्ती की जा रही है तो वहीं दूसरी ओर अस्पतालों में दवाइयां और उपकरणों की कमी को भी दूर करने पर जोर दिया जा रहा है.

बैठक के दौरान सीएम धामी ने प्रदेश के सभी अस्पतालों में दवाइयां और चिकित्सा उपकरण उपलब्ध हो, इस बाबत अहम दिशा निर्देश दिए. साथ ही अस्पतालों में महिला और बाल रोग चिकित्सकों की तैनाती की मौजूदा स्थिति की सूची भी शासन को उपलब्ध कराने को कहा.

दिल्ली में हाल ही में हुए ब्लास्ट के बाद उत्तराखंड सरकार भी पूरी तरह से अलर्ट है. ऐसे में सीएम ने दिल्ली में हुई घटना को ध्यान में रखते हुए बाहरी राज्यों से आने वाले वाहनों की सघन चेकिंग के निर्देश दिए. इसके अलावा आपदा प्रभावित क्षेत्रों में पुनर्निर्माण कामों में तेजी लाने के साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिए कि वो खुद मौके पर जाकर निरीक्षण करें.

इसके अलावा सीएम धामी ने प्रभावित क्षेत्रों में ठंड से बचने के व्यापक इंतजाम पर ध्यान देने को कहा है. इतना ही नहीं अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदेश में वेरिफिकेशन ड्राइव में तेजी लाया जाए और सीमावर्ती क्षेत्रों में संदिग्ध व्यक्तियों पर कड़ी निगरानी रखी जाए. ताकि, संदिग्ध और अपराध में लिप्त लोगों को पकड़ा जा सके. साथ ही आपराधिक घटनाओं पर लगाम लगाई जा सके.

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