Home उत्तराखंड चारधाम यात्रा में बड़ा खुलासा, इन्फेलुएनजा से नही हुई घोड़े खच्चरों की...

चारधाम यात्रा में बड़ा खुलासा, इन्फेलुएनजा से नही हुई घोड़े खच्चरों की मौत- पशुपालन सचिव

0

देहरादून।

खुलासा, इन्फेलुएनजा से नही हुई घोड़े खच्चरों की मौत

चारधाम यात्रा में 14 घोड़े खच्चरों की मौत के बाद केदारनाथ यात्रा मार्ग पर घोड़े खच्चरों का संचालन 24 घंटो के लिए पूरी तरह से प्रतिबंधित किया गया था पशुपालन विभाग को यह अंदेशा था कि शायद इन घोड़े खच्चरों की मौत इन्फेलुएनजा वायरस के चलते हुई है हालाँकि पशुपालन सचिव बीवीआरसी पुरुषोत्तम ने इस मामले में एक बड़ा ख़ुलासा किया है जानकारी देते हुए पशुपालन सचिव ने बताया कि इन 14 घोड़े खच्चरों की मौत इन्फ्लूएंजा वायरस के चलते नहीं हुई है इन सभी घोड़े खच्चरों के सैंपल को बरेली भेजा गया है जहाँ जाँच के बाद मौत के कारण स्पष्ट हो पाएंगे। साथ ही पशुपालन सचिव ने बताया कि यात्रा से पहले श्रीनगर गढ़वाल और हिसार की लैब में 16,000 घोड़े खच्चरों के सैंपल इन्फेलुएनजा को लेकर टेस्ट किये गए थे जिसमे 152 सैंपल पॉज़िटिव पाए गए जबकि RTPCR टेस्ट के दौरान एक भी सैंपल पॉज़िटिव नहीं पाया गया था इन सभी 14 घोड़ों की मौत इन्फ्लूएंजा वायरस से तो नहीं हुई यह तो बात साफ़ है। हालाँकि इन्फ्लूएंजा वायरस के ख़तरे को नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता क्योंकि यह वायरस है बेहद तेज गति से घोड़े खच्चरों में फैलता है इसलिए युद्ध स्तर पर कार्य करने के लिए 27 डॉक्टर्स को केदारनाथ में नियुक्त किया जा रहा है।इन्फ्लूएंजा न फैले इसके लिए पुख़्ता प्लान भी पशुपालन विभाग की ओर से बनाया जा रहा है वायरस से मिलते जुलते लक्षण वाले घोड़े खच्चर पूरी तरह से यात्रा में प्रतिबंधित रहेंगे वहीं स्वस्थ दिखने वाले घोड़ों को चेकअप के बाद यात्रा रूट पर जाने की अनुमति होगी बताते चलें कि फिलहाल अभी भी घोड़े खच्चरों का संचालन केदारनाथ में पूरी तरह से प्रतिबंधित है , संचालन कब तक सुचारु किया जाएगा इसके बारे में अभी तक किसी पम्रकार की जानकारी सामने नही आयी है।

बी वी आर सी पुरषोत्तम, पशुपालन सचिव

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here
Captcha verification failed!
CAPTCHA user score failed. Please contact us!