Home उत्तराखंड उत्तराखंड: चमोली आपदा पर बोले मुख्यमंत्री धामी – ग्लोबल वार्मिंग का असर,...

उत्तराखंड: चमोली आपदा पर बोले मुख्यमंत्री धामी – ग्लोबल वार्मिंग का असर, राहत-बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी

0

उत्तराखंड के चमोली जिले में बीती देर रात अतिवृष्टि और बादल फटने से भारी तबाही मच गई। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज बताया कि आपदा से अब तक 33 मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं, कई दुकानें और गौशालाएँ नष्ट हुई हैं, लगभग 20 लोग घायल हुए हैं और 14 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। इस आपदा से 200 से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं।

पत्रकारों को सीएम धामी ने बताया कि डीएम और एसएसपी सुबह से ही मौके पर पहुंच गए हैं। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, आईटीबीपी और पुलिस के दल युद्धस्तर पर राहत-बचाव कार्य में जुटे हुए हैं। गंभीर रूप से घायलों को अस्पताल पहुँचाया गया है और मौसम अनुकूल होने पर कुछ घायलों को एयरलिफ्ट कर एम्स भेजा जा रहा है। उन्होंने कहा कि एक बच्चा भी घायल है, जिसे विशेष देखभाल दी जा रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का पूरा प्रयास है कि सभी प्रभावितों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि आपदा प्रभावितों के लिए राहत शिविरों में भोजन, पानी और अन्य आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध कराई जा रही हैं। वहीं, देहरादून और आसपास के इलाकों में बारिश से बाधित हुए सड़क, बिजली और पानी के मार्गों को भी द्रुतगति से बहाल किया जा रहा है।

धामी ने स्वीकार किया कि उत्तराखंड पर भी ग्लोबल वार्मिंग का गंभीर असर दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा, “दुनिया भर में जलवायु परिवर्तन का प्रभाव दिख रहा है और उत्तराखंड भी इससे अछूता नहीं है। कई बार ऐसे स्थानों पर आपदाएं आई हैं जहाँ अनियोजित विकास नहीं हुआ। यह प्रकृति का असर है। आने वाले समय में हम विशेषज्ञ संस्थानों के सहयोग से आपदा पूर्वानुमान प्रणाली को और मजबूत करेंगे, ताकि प्रभाव को कम किया जा सके।”

उन्होंने आगे बताया कि सभी जिलाधिकारियों और आपदा प्रबंधन एजेंसियों को अलर्ट पर रखा गया है। यात्रियों से भी अपील की गई है कि वे चारधाम यात्रा की योजना मौसम विभाग की चेतावनियों को ध्यान में रखकर ही बनाएं।

हेलीकॉप्टर सेवाओं पर पूछे गए सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बार यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए भारत सरकार के नागर विमानन मंत्रालय, डीजीसीए और एयरलाइन ऑपरेटरों के साथ मिलकर सख्त एसओपी तैयार की गई है। देहरादून सहस्त्रधारा और सिरसी में दो नए एटीसी (एयर ट्रैफिक कंट्रोल) भी स्थापित किए गए हैं।

सीएम धामी ने कहा कि आपदा किसी एक का विषय नहीं, बल्कि पूरे उत्तराखंड की सामूहिक चुनौती है और इसे टीम भावना से ही पार किया जाएगा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here
Captcha verification failed!
CAPTCHA user score failed. Please contact us!