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उत्तराखंड: हेली टिकट के नाम पर दो लाख की ठगी, चार शातिर गिरफ्तार

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देहरादून/गुप्तकाशी: उत्तराखंड में हेली सेवा की बढ़ती मांग को शातिर ठगों ने अपना जरिया बना लिया। सोशल मीडिया पर फर्जी वेबसाइट बनाकर लोगों से हेली टिकट बुकिंग के नाम पर लाखों की ठगी करने वाले गिरोह का कोतवाली पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। मामले में पुलिस ने चार युवकों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक मास्टरमाइंड भी शामिल है।

शिकायत से खुला फर्जीवाड़े का राज

गुजरात के सूरत निवासी सूर्यप्रकाश मिश्रा ने 7 जुलाई को गुप्तकाशी थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर उन्हें एक हेलीकॉप्टर सेवा की साइट दिखी। साइट पर दिए गए नंबर पर व्हाट्सएप से संपर्क किया गया। बातचीत के दौरान 32 लोगों के लिए टिकट बुकिंग की बात तय हुई। सामने वाले व्यक्ति ने खाते में ऑनलाइन भुगतान की मांग की। भरोसे में आकर सूर्यप्रकाश ने 1,91,812 रुपये खाते में ट्रांसफर कर दिए। लेकिन इसके बाद न टिकट मिली…न ही संबंधित व्यक्ति ने फोन उठाया।जांच में खुला फर्जीवाड़ा, ओडिशा और बिहार से पकड़े गए आरोपी

एसपी अक्षय प्रह्लाद कोंडे ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने टेक्निकल सर्विलांस की मदद से जांच तेज की। जांच में आरोपियों के 18 बैंक खाते कई मोबाइल फोन, सिम कार्ड, और एटीएम कार्ड बरामद हुए।
चार आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं…

आकर्षण गुप्ता (18 वर्ष) – निवासी: बिहार – मुख्य मास्टरमाइंड

अनंत कुमार सिंह (25 वर्ष) – निवासी: ओडिशा

सौभाग्य शेखर महतो (26 वर्ष) – निवासी: ओडिशा

दौलागोबिंदा बाघा – निवासी: ओडिशा

मुख्य आरोपी आकर्षण ने ही व्हाट्सएप पर सूर्यप्रकाश से बात की थी। वह व्हाट्सएप कॉल और टेलीग्राम जैसे सुरक्षित माध्यमों का इस्तेमाल करता था…जिससे उसकी पहचान छिपी रह सके।

ठगी के पैसे ऐसे बांटे गए….

अनंत कुमार को 10,000

सौभाग्य और दौलागोबिंदा को 15,000-15,000

बाकी रकम आकर्षण ने खुद रख ली।

पुलिस के अनुसार आरोपियों का एक पूरा नेटवर्क काम कर रहा था जो देशभर में हेली सेवा की मांग को भुनाकर ठगी कर रहा था। अगर समय रहते कार्रवाई न होती…तो कई और लोग शिकार बन सकते थे। फिलहाल पुलिस गिरोह के अन्य सदस्यों और इनके आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है।

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